दतिया। मध्यप्रदेश शासन नगरीय विकास एवं आवास विभाग तथा राजस्व विभाग, भोपाल से प्राप्त दिशा-निर्देशों के क्रम में कलेक्टर स्वप्निल वानखडे द्वारा पट्टा सर्वेक्षण की प्रारंभिक सूची पर प्राप्त होने वाले दावे, आपत्तियों एवं सुझावों पर समयबद्ध एवं पारदर्शी निर्णय सुनिश्चित करने के उद्देश्य से जिला स्तरीय एवं खंड स्तरीय समितियों का गठन किया गया है। इस पहल का मुख्य उद्देश्य नगरीय क्षेत्रों में पट्टा सर्वेक्षण की प्रक्रिया को सुव्यवस्थित, न्यायसंगत एवं जनहितकारी बनाना है, ताकि पात्र हितग्राहियों को उनके अधिकारों का लाभ मिल सके तथा किसी भी प्रकार की त्रुटि या आपत्ति का विधिवत निराकरण हो सके।
जिला मुख्यालय (नगरीय क्षेत्र) के लिए गठित समितिजिला मुख्यालय के नगरीय क्षेत्र हेतु गठित समिति में कलेक्टर – अध्यक्षपुलिस अधीक्षक – सदस्य मुख्य कार्यपालन अधिकारी, जिला पंचायत दतिया – सदस्यअनुविभागीय अधिकारी (राजस्व) – सदस्य मुख्य नगर पालिका अधिकारी – सदस्य, नगर तथा ग्राम निवेश संचालनालय का स्थानीय अधिकारी – सदस्यजिला शहरी विकास अभिकरण (डीयूडीए) का परियोजना अधिकारी – सदस्य यह समिति जिला मुख्यालय क्षेत्र में पट्टा सर्वेक्षण से संबंधित दावे-आपत्तियों एवं सुझावों पर विचार कर निर्णय लेगी।अन्य नगरीय क्षेत्रों के लिए खंड स्तरीय समिति अन्य नगरीय क्षेत्रों के लिए गठित समिति में “उपखंड अधिकारी (राजस्व)–अध्यक्ष, मुख्य कार्यपालन अधिकारी, जनपद पंचायत–सदस्य उपखंड अधिकारी _पुलिस –सदस्य,नगर तथा ग्राम निवेश संचालनालय_ का स्थानीय/ जिला अधिकारी – सदस्य, जिला शहरी विकास अभिकरण का परियोजना अधिकारी – सदस्य, मुख्य नगर पालिका अधिकारी / नगर परिषद – सदस्य, यह समिति अपने-अपने नगरीय क्षेत्र में प्राप्त दावे, आपत्तियों एवं सुझावों का परीक्षण कर नियमानुसार निर्णय करेगी।व्यक्तियों के व्यवस्थापन संबंधी मामलों हेतु समिति, व्यक्तियों के व्यवस्थापन से जुड़े प्रकरणों के लिए पृथक समिति गठित की गई है ।
जिसमें, कलेक्टर – अध्यक्ष पुलिस अधीक्षक – सदस्य, मुख्य कार्यपालन अधिकारी, जिला पंचायत दतिया – सदस्यउपखंड अधिकारी (राजस्व) – सदस्य,मुख्य नगर पालिका अधिकारी (नगर पालिका/नगर परिषद) – सदस्य, नगर तथा ग्राम निवेश जिले का भारसाधक अधिकारी – सदस्य, जिला शहरी विकास अभिकरण का परियोजना अधिकारी – सदस्य, यह समिति पुनर्वास, व्यवस्थापन एवं संबंधित मामलों पर निर्णय लेगी। प्रशासन का उद्देश्य, जिला प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि इन समितियों के माध्यम से पट्टा सर्वेक्षण प्रक्रिया में पारदर्शिता, त्वरित निर्णय एवं जनविश्वास को सुदृढ़ किया जाएगा। पात्र हितग्राहियों के अधिकार सुरक्षित रहेंगे तथा शासन की मंशा के अनुरूप नगरीय विकास को गति मिलेगी। जिला प्रशासन ने आम नागरिकों से अपील की है कि यदि पट्टा सर्वेक्षण प्रारंभिक सूची में किसी प्रकार की त्रुटि, आपत्ति या सुझाव हो, तो नियत समय-सीमा में संबंधित समिति के समक्ष प्रस्तुत करें, ताकि उनका विधिवत निराकरण किया जा सके।

























