भारतीय रेलवे चेकिंग स्टाफ की सतर्कता ने एक बड़ी अनहोनी को समय रहते टाल दिया। ट्रेन संख्या 11079 में यात्रा कर रहे रेलवे के अलर्ट चेकिंग स्टाफ राजू लाल मीना और नितेश कुमार ने एक नाबालिग लड़की को एक युवक के साथ संदिग्ध अवस्था में यात्रा करते हुए देखा।
पूछताछ के दौरान यह सामने आया कि दोनों बिना वैध टिकट के यात्रा कर रहे थे और घर से भागे हुए थे।
रेलवे अधिकारियों ने तुरंत स्थिति की गंभीरता को समझते हुए दोनों को ट्रेन से उतारकर गोंडा स्थित रेलवे सुरक्षा बल (RPF) पोस्ट को सौंप दिया।
आरपीएफ ने आवश्यक कानूनी प्रक्रिया पूरी करते हुए दोनों को सुरक्षित रूप से उनके परिजनों से मिलवाने की प्रक्रिया शुरू कर दी है।
इस सराहनीय कार्य की जानकारी रेलवे के मंडल रेल प्रबंधक (DRM) कार्यालय ने अपने आधिकारिक ट्विटर हैंडल के माध्यम से साझा की है।
पोस्ट में अधिकारियों की तत्परता और सजगता की प्रशंसा करते हुए कहा गया कि उनकी मुस्तैदी से एक संभावित गंभीर घटना को रोका जा सका।
रेलवे प्रशासन ने यात्रियों से अपील की है कि वे यात्रा के दौरान किसी भी संदिग्ध गतिविधि की जानकारी तुरंत रेलवे कर्मचारियों या सुरक्षा बलों को दें, ताकि समय रहते आवश्यक कदम उठाए जा सकें।








