“मौके पर कई मामलों का किया तत्काल निराकरण।
दतिया। नागरिकों की शिकायतों एवं समस्याओं के त्वरित समाधान के उद्देश्य से मंगलवार को न्यू कलेक्ट्रेट भवन के सभाकक्ष में जनसुनवाई का आयोजन किया गया। इस जनसुनवाई की अध्यक्षता कलेक्टर स्वप्निल वानखड़े ने की।
जनसुनवाई के दौरान जिले के विभिन्न ग्रामीण एवं शहरी अंचलों से आए 100 से अधिक नागरिकों ने अपनी समस्याएं कलेक्टर के समक्ष रखीं।
कलेक्टर वानखड़े ने प्रत्येक आवेदक की समस्या को ध्यानपूर्वक सुनते हुए संबंधित विभागीय अधिकारियों को समय-सीमा में *निराकरण के निर्देश दिए। उन्होंने स्पष्ट कहा कि “किसी भी नागरिक को अपनी समस्या के समाधान के लिए भटकना न पड़े।
प्रत्येक आवेदन का निष्पक्ष, पारदर्शी और त्वरित निराकरण सुनिश्चित किया जाए।जनसुनवाई के दौरान प्राप्त आवेदनों में वृद्धावस्था पेंशन, सीमांकन, नामांतरण, बटवारा, बीपीएल सूची में नाम जोड़ने, सड़क निर्माण, साफ-सफाई व्यवस्था, खद्यान वितरण, खाद वितरण, आवास योजना से संबंधित समस्याएं प्रमुख रहीं।
कलेक्टर ने इनमें से कई प्रकरणों का निराकरण मौके पर ही करवाया और जिन मामलों में जमीनी स्तर पर जांच आवश्यक थी, उनके लिए संबंधित अधिकारियों को निर्धारित समय-सीमा में रिपोर्ट प्रस्तुत करने के निर्देश दिए।
उन्होंने कहा कि जनसुनवाई शासन की एक महत्वपूर्ण जनकल्याणकारी पहल है, जिसके माध्यम से आमजन को सीधे प्रशासन से संवाद का अवसर मिलता है। उन्होंने अधिकारियों से कहा कि वे जनता की समस्याओं को संवेदनशीलता के साथ लें और हर आवेदन का निष्पक्ष निराकरण करें।
इस अवसर पर मुख्य कार्यपालन अधिकारी जिला पंचायत अक्षय कुमार तेम्रवाल, अपर कलेक्टर महेन्द्र सिंह कवचे, संयुक्त कलेक्टर लोकेन्द्र सिंह सरल एवं श्रुति अग्रवाल, एसडीएम दतिया संतोष तिवारी सहित सभी विभागों के जिला अधिकारी उपस्थित रहे, कलेक्टर वानखड़े ने कहा कि जनसुनवाई का उद्देश्य केवल आवेदन लेना नहीं बल्कि “नागरिकों की समस्याओं का वास्तविक समाधान करना” है।
उन्होंने कहा कि यदि किसी अधिकारी द्वारा लापरवाही बरती जाती है तो उसके खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।जनसुनवाई में आए नागरिकों ने प्रशासन की इस पहल की सराहना करते हुए कहा कि इससे आमजन की समस्याओं को शासन स्तर पर सुनवाई का अवसर मिल रहा है और त्वरित समाधान से जन-विश्वास बढ़ रहा है।









