सहायक पशु चिकित्सा क्षेत्राधिकारी निलंबित, विभाग में मचा हड़कंप।
दतिया। जिले में शासकीय योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन को लेकर प्रशासन अब पूरी तरह सख्त नजर आ रहा है। इसी कड़ी में कलेक्टर स्वप्निल वानखड़े ने पशुपालन विभाग में गंभीर लापरवाही बरतने वाले अधिकारी के विरुद्ध कड़ी कार्रवाई करते हुए सहायक पशु चिकित्सा क्षेत्राधिकारी कुंवर सिंह कौर (मुख्य ग्राम इकाई मुरैरा, विकासखण्ड दतिया) को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया है।
प्रशासनिक समीक्षा के दौरान सामने आया कि संबंधित अधिकारी द्वारा प्रदेश सरकार की महत्वाकांक्षी क्षीरधारा ग्राम योजना में बिल्कुल भी प्रगति नहीं की गई। यह योजना ग्रामीण क्षेत्रों में दुग्ध उत्पादन बढ़ाने और पशुपालकों की आय में वृद्धि के उद्देश्य से संचालित की जा रही है, लेकिन अधिकारी की उदासीनता के कारण इसका लाभ हितग्राहियों तक नहीं पहुंच सका।
इसके अलावा राष्ट्रीय पशु रोग नियंत्रण कार्यक्रम (FMD) के तहत मुंहपका- खुरपका (Foot and Mouth Disease) जैसी गंभीर बीमारी के टीकाकरण के सातवें चरण में भी* शून्य उपलब्धि दर्ज की गई,यह स्थिति न केवल विभागीय कार्यप्रणाली पर सवाल खड़े करती है, बल्कि पशुधन की सुरक्षा के लिए भी गंभीर चिंता का विषय है।
जांच में यह भी पाया गया कि राष्ट्रीय कृत्रिम गर्भाधान कार्यक्रम (NAIP) के अंतर्गत निर्धारित लक्ष्यों के अनुरूप कार्य नहीं किया गया, जिससे पशुधन सुधार और उत्पादन वृद्धि से जुड़े प्रयास प्रभावित हुए। सबसे गंभीर बात यह सामने आई कि संबंधित अधिकारी बिना अनुमति के लगातार अनुपस्थित रहे और शासकीय दायित्वों की अनदेखी करते रहे।
उनकी इस लापरवाही के कारण विभागीय योजनाओं का क्रियान्वयन बुरी तरह प्रभावित हुआ। प्रशासन द्वारा कई बार निर्देश और चेतावनी देने के बावजूद उनके कार्य में कोई सुधार नहीं देखा गया, इन सभी तथ्यों को गंभीर अनुशासनहीनता और कर्तव्य के प्रति घोर उदासीनता मानते हुए कलेक्टर वानखड़े ने तत्काल प्रभाव से निलंबन की कार्रवाई की।
इस निर्णय के बाद विभाग में हड़कंप की स्थिति बन गई है और अन्य अधिकारियों में भी जवाबदेही को लेकर सतर्कता बढ़ गई है।
कलेक्टर वानखड़े ने स्पष्ट रूप से कहा है कि शासकीय योजनाओं के क्रियान्वयन में किसी भी प्रकार की लापरवाही या उदासीनता को बिल्कुल भी बर्दाश्त नहीं किया जाएगा, उन्होंने चेतावनी दी कि आमजन से जुड़ी योजनाओं में ढिलाई बरतने वाले अधिकारियों के खिलाफ इसी प्रकार सख्त कार्रवाई आगे भी जारी रहेगी
प्रशासन की इस कार्रवाई को जिले में पारदर्शिता, जवाबदेही और योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।




