आचार्य श्री रामदयाल जी महाराज करेंगे माणिक्यनगर स्थित रामद्वारा में पावन चातुर्मास
शाहपुरा (भीलवाड़ा)-राजेन्द्र खटीक।भीलवाड़ा/अन्तरराष्ट्रीय रामस्नेही सम्प्रदाय शाहपुरा के पीठाघीश्वर जगतगुरू आचार्य स्वामी श्रीरामदयालजी महाराज वर्ष 2026 का पावन ‘‘विश्व शांति कल्याण’’ चातुर्मास भीलवाड़ा माणिक्यनगर रामद्वारा में करने जा रहे है। चातुर्मास का शुभारंभ 19 जुलाई को भीलवाड़ा में भव्य शोभायात्रा के साथ होगा।
आचार्यश्री के इस चातुर्मास को लेकर भीलवाड़ा के रामस्नेही सम्प्रदाय के साथ सर्व समाज के श्रद्धालुओं में उत्साह का माहौल है। विश्व शांति कल्याण चातुर्मास समिति के तत्वावधान में चातुर्मास को एतिहासिक सफल बनाने के लिए व्यापक स्तर पर तैयारियां की जा रही है।
आचार्यश्री की चातुर्मासिक मंगलमय पधरावणी (प्रवेश) 19 जुलाई को सुबह 8.30 बजे भव्य शोभायात्रा के साथ होगी। शोभायात्रा प्रारंभ होने से पूर्व आचार्यश्री की चातुर्मास के लिए भावपूर्ण अगवानी की जाएगी।
इसके बाद स्टेशन चौराहे पर शंखनाद करते हुए वैदिक मंत्रोच्चार से मंगलाचरण किया जाएगा। सर्व समाज के श्रद्धालुओं द्वारा आचार्य श्री रामदयाल जी महाराज की महाआरती के बाद शोभायात्रा प्रारंभ होगी। शोभायात्रा में सबसे आगे हाथी, घोड़े, उंट के साथ छत्र चंवर व शाही लवाजमा होगा। शोभायात्रा मार्ग में 101 स्वागत द्वार बनाने के साथ ड्रोन से पुष्पवर्षा भी की जाएगी।
महाकाल आरती की प्रस्तुति देने वाला दल भी शोभायात्रा का विशेष आकर्षण होगा। सम्पूर्ण मार्ग पर स्वागत में जगह-जगह आकर्षक रंगोली भी सजाई जाएगी। शोभायात्रा रेलवे स्टेशन रोड स्थित गजाधर मानसिंहका धर्मशाला से प्रारंभ होेकर सरकारी दरवाजा, गोल प्याउ, बालाजी मार्केट, सूचना केन्द्र चौराहा, गांधी बाजार, भीमगंज थाना चौराहा, माणिक्यनगर आदि मुख्य मार्गो से होते हुए रामद्वारा पहुंच सम्पन्न होगी।देश भर से रामस्नेही सम्प्रदाय के श्रद्धालु शोभायात्रा में शामिल होंगे।
रामस्नेही सत्संगीजनों एवं भक्तगणों में इस चातुर्मास को लेकर उत्साह का माहौल है ओर सभी तैयारियों में जुट गए है। धर्म की अविरल धारा चातुर्मास में प्रवाहित होगी चातुर्मास में आचार्य श्री रामदयाल जी महाराज के सानिध्य में धर्म एवं सनातन संस्कृति की अविरल धारा प्रवाहित होगी ओर भक्ति से ओतप्रोत विभिन्न कार्यक्रमों का आयोजन होगा। चातुर्मासकाल में प्रतिदिन सुबह 5 से 6 बजे तक रामधुनी के साथ सुबह 8 से 8.30 बजे तक वाणीजी का पाठ होगा।
प्रवचन प्रतिदिन सुबह 8.30 से 9.30 बजे तक होंगे। सूर्यास्त के समय संध्या आरती होगी। गुरू पूर्णिमा महोत्सव 29 जुलाई को मनाया जाएगा। चातुर्मास में 13 से 20 सितम्बर तक पूज्य वाणीजी प्रवचन सुबह 8.30 से 11.30 बजे तक एवं भागवत ज्ञान महोत्सव दोपहर 2 से शाम 5 बजे तक मनाया जाएगा।
आचार्यश्री अवतरण महोत्सव पर आध्यात्मिक कार्यक्रम 25 सितम्बर रात 8 बजे होगा एवं आचार्य श्री अवतरण आनंदोत्सव 26 सितम्बर को सुबह 8.30 बजे से मनाया जाएगा। पंचमी गोटकाजी की शोभायात्रा 15 अक्टूबर को निकाली जाएगी एवं चातुर्मास सम्पन्न 22 अक्टूबर को होगा। विश्व शांति कल्याण चातुर्मास समिति के तत्वावधान में होने वाले इस चातुर्मास के मुख्य सहयोगी रामचरणानुरागी भंवरलाल, अशोक कुमार, सुभाष चंद, महेश कुमार, अंकित, राहुल अजमेरा परिवार, लालचंद, शिव कुमार, अशोक कुमार, मुकेश कुमार गगराणी परिवार एवं मुरली श्याम ईनाणी परिवार होंगे।
चातुर्मास तैयारियों के लिए विभिन्न समितियों का गठन चातुर्मास समिति के कार्यालय प्रमुख बद्रीनारायण लढ़ा एवं रमेश राठी ने बताया कि चातुर्मास को सफल बनाने के लिए एवं कार्यकर्ताओं को अलग-अलग दायित्व सौंपने के लिए विश्व शांति कल्याण चातुर्मास समिति के तत्वावधान में विभिन्न समितियों का गठन किया गया है। इनमें स्वागत, कार्यालय व्यवस्था, स्वागत द्वार, प्रशासनिक कार्य, आमंत्रण पत्र वितरण, क्रय, पांडाल व्यवस्था, स्टोर व्यवस्था, भोजन निर्माण, वाहन पार्किंग, सिक्युरिटी, आवास व्यवस्था, प्रारम्भिक चिकित्सा, लाइट माइक साउंड, प्रचार प्रसार समिति आदि शामिल है। सभी समितियों के सदस्य सौंपे गए दायित्व निर्वहन में समर्पित भाव से जुट गए है।















