शाजापुर में धूमधाम से मनाया गया विश्व आदिवासी दिवस: जयस ने निकाला चल समारोह, जल-जंगल-जमीन बचाने का दिया संदेश
शाजापुर:विश्व आदिवासी दिवस के अवसर पर रविवार को जिले में जय आदिवासी युवा शक्ति (जयस) संगठन के तत्वावधान में एक भव्य चल समारोह निकाला गया। इस आयोजन में आदिवासी समाज की समृद्ध संस्कृति, परंपरा और एकता की अनूठी तस्वीर देखने को मिली।
कार्यक्रम के मुख्य आकर्षणभव्य शुरुआत: कार्यक्रम का शुभारंभ शहर के प्रसिद्ध मां राजराजेश्वरी मंदिर प्रांगण में विशेष पूजा-अर्चना के साथ हुआ।पारंपरिक पोशाक और नृत्य: अपनी पारंपरिक वेशभूषा में सजे-धजे युवाओं, महिलाओं और बुजुर्गों ने ढोल-धमाकों की थाप पर थिरकते हुए मनमोहक सांस्कृतिक प्रस्तुतियां दीं।रूट और स्वागत: यह जुलूस
राजराजेश्वरी मंदिर से शुरू होकर शहर के प्रमुख बाजारों व चौराहों से गुजरा और वापस मंदिर परिसर में आकर समाप्त हुआ। इस दौरान शहरवासियों और विभिन्न सामाजिक संगठनों ने जगह-जगह पुष्प वर्षा कर जुलूस का जोरदार स्वागत किया।बड़ी संख्या में भागीदारी: जिलेभर से आए से अधिक लोग इस समारोह में शामिल हुए।
आयोजन का मुख्य उद्देश्यजयस के जिला अध्यक्ष सुनील भिलाला ने जानकारी दी कि शाजापुर में आदिवासी समाज द्वारा यह यात्रा पिछले 10 वर्षों से लगातार निकाली जा रही है।उन्होंने बताया कि आज भी आदिवासी समाज बड़े पैमाने पर पिछड़ेपन और आर्थिक तंगी से जूझ रहा है। इस यात्रा का मुख्य उद्देश्य समाज को उनके अधिकारों के प्रति जागरूक करना और शासन-प्रशासन का ध्यान उनकी समस्याओं की ओर आकर्षित करना है।
जल, जंगल और जमीन बचाने का संदेशजुलूस के दौरान जयस कार्यकर्ताओं और समाज के वरिष्ठजनों ने उपस्थित जनसमूह को संबोधित करते हुए जल, जंगल और जमीन को बचाने का संकल्प लिया। साथ ही, अपने संवैधानिक अधिकारों के प्रति सजग रहने और समाज में शिक्षा व जागरूकता की अलख जगाने का प्रबल संदेश दिया गया।