दतिया। शासकीय स्नातकोत्तर महाविद्यालय (पीएमसीईओ) दतिया द्वारा नई शिक्षा नीति 2020 के क्रियान्वयन को अधिक प्रभावी बनाने के उद्देश्य से दिनांक 14 नवंबर 2025 को राधा कृष्ण महाविद्यालय इंदरगढ़ एवं कृष्ण महाविद्यालय इंदरगढ़ में एक दिवसीय विशाल प्रशिक्षण कार्यक्रम आयोजित किया गया।
कार्यक्रम के माध्यम से विद्यार्थियों को अध्यादेश 14(1) एवं 14(2) के नवीन पाठ्यक्रम संरचना, स्वयं पोर्टल, एबीसी/अपार आईडी व नई शिक्षा नीति के अन्य महत्वपूर्ण प्रावधानों से अवगत कराया गया।कार्यक्रम प्राचार्य डॉ. जय त्रिवेदी के संरक्षण एवं उच्च शिक्षा विभाग के निर्देशानुसार आयोजित किया गया।
कार्यक्रम में राष्ट्रीय शिक्षा नीति के नोडल अधिकारी डॉ. पुनीत प्रताप पांडे ने विद्यार्थियों को NEP-2020 के मूल उद्देश्य, लचीलापन युक्त पाठ्यक्रम संरचना, ग्रेडिंग प्रणाली, श्रेणी सुधार परीक्षा, क्रेडिट आधारित मूल्यांकन पद्धति तथा मल्टी-एंट्री–मल्टी-एग्जिट प्रणाली पर विस्तृत प्रशिक्षण दिया।
उन्होंने छात्रों को बताया कि नई शिक्षा नीति न केवल उनके शैक्षणिक विकास बल्कि करियर निर्माण में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगी।रसायन विभाग के विभागाध्यक्ष एवं अपार आईडी प्रभारी डॉ. कोक सिंह दादोरिया ने एबीसी/अपार आईडी, डिजिलॉकर तथा शिक्षा डिजिटलीकरण से जुड़े प्रावधानों की विस्तार से जानकारी दी।
उन्होंने विद्यार्थियों को अपार आईडी बनाने की पूरी प्रक्रिया समझाई तथा बताया कि यह आईडी भविष्य में छात्रों के शैक्षणिक रिकॉर्ड को सुरक्षित एवं केंद्रीकृत रखने में कितनी उपयोगी है।वनस्पति विज्ञान विभाग के डॉ. शिवरमन पाण्डेय ने स्वयं पोर्टल तथा ऑनलाइन पाठ्यक्रमों की उपयोगिता पर प्रकाश डाला।
उन्होंने छात्रों को बताया कि NEP-2020 के अंतर्गत ऑनलाइन सीखने के अवसर कैसे बढ़े हैं तथा स्वयं पोर्टल पर उपलब्ध कोर्स छात्रों के ज्ञानवर्धन में कितने सहायक है, प्रशिक्षण कार्यक्रम के दौरान छात्रों द्वारा पाठ्यक्रम, परीक्षा प्रणाली, क्रेडिट ट्रांसफर तथा ऑनलाइन शिक्षा से जुड़े अनेक प्रश्न पूछे गए, जिनका विशेषज्ञों द्वारा समाधान किया गया।
कार्यक्रम में विद्यार्थियों ने अत्यधिक उत्साह दिखाया और नई शिक्षा नीति को अपने भविष्य के लिए लाभकारी बताया।इस अवसर पर राधा कृष्ण महाविद्यालय के डॉ. अनिल तिवारी, कृष्ण महाविद्यालय के वीरेंद्र गुर्जर, दोनों संस्थानों का शिक्षकीय स्टाफ तथा बड़ी संख्या में छात्र–छात्राएं उपस्थित रहे।
कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य विद्यार्थियों को नई शिक्षा नीति 2020 के अंतर्गत उपलब्ध सभी अवसरों की स्पष्ट एवं विस्तृत जानकारी देना रहा, जिसे प्रतिभागियों ने सफलतापूर्वक आत्मसात किया।

























