।दतिया। भारत निर्वाचन आयोग एवं मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी, मध्यप्रदेश के निर्देशानुसार फोटोयुक्त निर्वाचक नामावली के विशेष गहन पुनरीक्षण –2026 के अंतर्गत प्रारूप प्रकाशन को लेकर आज न्यू कलेक्ट्रेट कार्यालय के सभाकक्ष में एक महत्वपूर्ण बैठक का आयोजन किया गया। बैठक की अध्यक्षता कलेक्टर एवं जिला निर्वाचन अधिकारी स्वप्निल वानखड़े ने की।
बैठक में अपर कलेक्टर महेन्द्र सिंह कवचे, उप जिला निर्वाचन अधिकारी बृजेन्द्र सिंह यादव सहित विभिन्न मान्यता प्राप्त राजनीतिक दलों के अध्यक्ष, सचिव एवं प्रतिनिधि उपस्थित रहे। इनमें प्रमुख रूप से अरविन्द बौद्ध (जिलाध्यक्ष बसपा), जितेन्द्र सिंह बुन्देला (आईएनसी), शंभू गोस्वामी एडवोकेट (आईएनसी), अशोक दांगी बगदा (अध्यक्ष जिला कांग्रेस, दतिया), विनोद यादव (भाजपा कार्यालय प्रभारी), प्रदीप सिंह गुर्जर (भाजपा जिला उपाध्यक्ष, युवा मोर्चा) सहित अन्य जनप्रतिनिधि एवं संबंधित अधिकारी सम्मिलित हुए। प्रारूप निर्वाचक नामावली के अवलोकन की व्यवस्था,बैठक में जनप्रतिनिधियों को अवगत कराया गया कि प्रारूप निर्वाचक नामावली का अवलोकन आम नागरिक अपने-अपने मतदान केन्द्रों, निर्वाचक रजिस्ट्रीकरण अधिकारी कार्यालय एवं अन्य अभिहित स्थलों पर कर सकते हैं।
इसके अतिरिक्त यह प्रारूप नामावली मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी, मध्यप्रदेश की वेबसाइट पर सर्च सुविधा के साथ भी उपलब्ध है, जिससे नागरिक अपने नाम की पुष्टि आसानी से कर सकते हैं। अपात्र नामों को किया गया अपवर्जित, जिला निर्वाचन अधिकारी द्वारा जानकारी दी गई कि अनुपस्थित, स्थानांतरित, मृत तथा दोहरी प्रविष्टि वाले निर्वाचकों के नाम प्रारूप निर्वाचक नामावली में सम्मिलित नहीं किए गए हैं। ऐसे सभी अपात्र नामों की सूची सीईओ की वेबसाइट पर प्रदर्शित की गई है, साथ ही संबंधित पंचायत भवनों, नगरीय निकायों एवं जनपद पंचायत कार्यालयों के सूचना पटल पर भी चस्पा की गई है। जिले के अंतर्गत विधानसभा क्षेत्रों में गणना अवधि के दौरान 7246 मृत निर्वाचक,1743 दोहरी प्रविष्टियाँ, 3783 अनुपस्थित,14713 स्थानांतरित निर्वाचक पाए गए हैं। इन सभी की सूचियाँ पूर्व में दो बार मतदान केन्द्रवार बीएलओ एवं बीएलए बैठकों में साझा की जा चुकी हैं,दावा–आपत्ति की समय-सीमा, बैठक में यह भी स्पष्ट किया गया कि प्रारूप निर्वाचक नामावली के प्रकाशन के उपरांत दावे एवं आपत्तियाँ प्रस्तुत करने की अवधि 23 दिसम्बर 2025 से 22 जनवरी 2026 तक निर्धारित है।
वहीं, 23 दिसम्बर 2025 से 14 फरवरी 2026 तक गणना प्रपत्रों की जाँच, नोटिस जारी करने एवं दावे–आपत्तियों के निराकरण की प्रक्रिया आयोग की समय-सारणी अनुसार संपन्न की जाएगी। राजनीतिक दलों को सामग्री उपलब्ध”सभी मान्यता प्राप्त राजनीतिक दलों को प्रारूप निर्वाचक नामावली की”एक हार्ड कॉपी,एक डीवीडी (फोटो रहित),प्रत्येक विधानसभा क्षेत्र के लिए एक अतिरिक्त बीएलए प्रति,साथ ही मतदान केन्द्रों की सूची भी उपलब्ध कराई गई,
आमजन से सहयोग की अपील बैठक में, उपस्थित, जनप्रतिनिधियों से अपील की गई कि वे “पात्र लेकिन छूटे हुए नागरिकों के नाम जोड़ने हेतु प्रपत्र- 6,अयोग्य व्यक्तियों के नाम हटाने हेतु प्रपत्र-7,प्रविष्टियों में संशोधन हेतु प्रपत्र-8, भरवाने में आमजन को सहयोग प्रदान करें।नाम जोड़ने के लिए प्रपत्र-6 के साथ आवश्यक दस्तावेज तथा राज्य से बाहर से स्थानांतरित निर्वाचकों के मामलों में घोषणा पत्र अनिवार्य रूप से प्रस्तुत किया जाना होगा।विशेष रूप से ऐसे युवा नागरिक जो 01 जनवरी 2026 को 18 वर्ष की आयु पूर्ण कर रहे हैं, उन्हें प्रेरित कर निर्वाचक नामावली में सम्मिलित कराने का आह्वान जिला निर्वाचन अधिकारी द्वारा किया गया। मजबूत लोकतंत्र की दिशा में प्रयास,अंत में बैठक में सभी से अपील की गई कि विशेष गहन पुनरीक्षण–2026 के सफल क्रियान्वयन में सक्रिय सहयोग प्रदान कर निर्वाचक नामावली को अधिक से अधिक शुद्ध, त्रुटिरहित एवं समावेशी बनाने में अपनी महत्वपूर्ण भूमिका निभाएं, ताकि मजबूत लोकतंत्र और सबकी भागीदारी सुनिश्चित की जा सके।

























