जिला सतर्कता एवं मॉनिटरिंग समिति की बैठक आयोजित 02 करोड़ 89 लाख 53 हजार रूपये राहत राशि स्वीकृत
सीहोर। संजय सोलंकी।अनुसूचित जाति एवं अनुसूचित जनजाति अत्याचार निवारण अधिनियम के प्रभावी क्रियान्वयन को लेकर कलेक्टर श्री बालागुरू के. की अध्यक्षता में जिला स्तरीय सतर्कता एवं मॉनिटरिंग समिति की बैठक आयोजित की गई।
बैठक में कलेक्टर ने स्पष्ट रूप से कहा कि अत्याचार से पीड़ित व्यक्तियों के मामलों में किसी भी स्तर पर लापरवाही स्वीकार नहीं की जाएगी और प्रत्येक प्रकरण में पूरी संवेदनशीलता, तत्परता एवं मानवीय दृष्टिकोण के साथ कार्यवाही सुनिश्चित की जाए।
उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि पीड़ितों को समयबद्ध राहत, सहायता और न्याय उपलब्ध कराना शासन-प्रशासन का दायित्व है। कलेक्टर श्री बालागुरू के. ने कहा कि जिन प्रकरणों में बैंक खाते नही होने के कारण राहत राशि का वितरण नहीं हो पाया है, ऐसे व्यक्तियों से संपर्क कर उनके बैंक खाते खुलवाए जाएं। ताकि उन तक आर्थिक सहायता शीघ्र पहुंचाई जा सके।
बैठक में जानकारी दी गई कि अत्याचार निवारण अधिनियम के अंतर्गत विभिन्न धाराओं में दर्ज प्रकरणों में अनूसूचित जाति एवं जनजाति के हितग्राहियों को राशि स्वीकृत की गयी है।
01 अप्रैल 2025 से 31 दिसंबर 2025 तक अनुसूचित जाति के 226 प्रकरणों में 02 करोड़ 40 लाख 60 हजार रूपये की राशि स्वीकृत की गई है और 83 प्रकरणों में 01 करोड़ 02 लाख 06 हजार रूपये की राशि का भुगतान किया गया है।
इसी प्रकार 01 अप्रैल 2025 से 31 दिसंबर 2025 तक अनुसूचित जनजाति के 48 प्रकरणों में 48 लाख 93 हजार रूपये की राशि स्वीकृत की गई है और 11 प्रकरणों में 14 लाख 93 हजार रूपये की राशि का भुगतान किया गया है।
कलेक्टर श्री बालागुरू के. ने विवेचना एवं न्यायालयीन प्रक्रिया में गति लाने, प्रकरणों के शीघ्र निराकरण तथा राहत राशि के वितरण में अनावश्यक विलंब न करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि जाति प्रमाण पत्र की प्रक्रिया को सरल एवं त्वरित बनाया जाए और पात्र व्यक्तियों के आवेदन लंबित न रखे जाएं।
बैठक के दौरान कलेक्टर ने पूर्व बैठकों में दिए गए निर्देशों के अनुपालन की समीक्षा करते हुए पीड़ितों को प्रदत्त राहत राशि, हत्या के मामलों में मासिक जीवन निर्वाह भत्ता, रोजगार एवं स्वरोजगार से संबंधित कार्यवाही, बच्चों की शिक्षा, पुलिस थानों में दर्ज प्रकरणों तथा लंबित मामलों की विस्तृत जानकारी प्राप्त की।
उन्होंने सभी संबंधित विभागों को आपसी समन्वय से कार्य करने और अधिनियम की भावना के अनुरूप पीड़ितों को त्वरित राहत एवं न्याय सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।
बैठक में अजाक्स के एसडीओपी श्री प्रवीण चढ़ोकर, जनजातीय कार्य विभाग के जिला संयोजक श्री अरविंद कुशवाह सहित अन्य अधिकारी उपस्थित थे।
























