राजस्थान से फर्जी NOC बनाकर सड़क पर दौड़ रहे थे वाहन।
जिला ब्यूरो चीफ संवाददाता पवन परमार जिला देवास
देवास। पुलिस ने अवैध वाहनों के काले कारोबार का सनसनीखेज खुलासा किया है।
राजस्थान से फर्जी NOC बनाकर 7 करोड़ के 24 वाहन सड़कों पर दौड़ रहे थे। लेकिन अब नहीं! पुलिस ने इस पूरे नेटवर्क की कमर तोड़ दी है और चार शातिर आरोपियों को सलाखों के पीछे डाल दिया है। देवास पुलिस ने वाहनों की दुनिया का ऐसा काला सच उजागर किया है, जिसने सभी को चौंका दिया है।
बरोठा थाना पुलिस ने दबिश देकर 24 वाहन जब्त किए हैं — जिनमें लग्ज़री बसे भी शामिल हैं। इनकी कीमत करीब 7 करोड़ रुपये आंकी गई है। मौके से लैपटॉप और इलेक्ट्रॉनिक उपकरण भी मिले।
दरअसल, ये वाहन पहले मध्यप्रदेश में स्क्रैप घोषित हो चुके थे, लेकिन शातिर गिरोह ने फर्जी NOC बनाकर इन्हें फिर से सड़कों पर दौड़ा दिया। इस गिरोह का संचालन भीलवाड़ा, राजस्थान निवासी राकेश गांधी करता था, जो फिलहाल फरार है।
एसपी पुनीत गेहलोद के निर्देशन में हुई कार्रवाई में पुलिस ने चार आरोपियों को गिरफ्तार कर कोर्ट में पेश किया। पुलिस का दावा है कि यह ऑपरेशन अवैध वाहनों के गोरखधंधे पर करारा वार है।अब बड़ा सवाल यह है कि इस फर्जीवाड़े में और कौन-कौन शामिल था और क्या इसके तार प्रदेशभर में फैले हैं।
























