दतिया। सेवढ़ा तहसील स्थित ऐतिहासिक एवं प्रसिद्ध रतनगढ़ माता मंदिर पर लगने वाले वार्षिक मेले को लेकर प्रशासन और पुलिस ने कमर कस ली है। हर वर्ष लाखों श्रद्धालु यहाँ माँ रतनगढ़ के दर्शन हेतु पहुंचते है, ऐसे में इस बार सुरक्षा और सुविधाओं को और अधिक सुदृढ़ किया गया है।
कलेक्टर स्वप्निल वानखेडे और पुलिस अधीक्षक सूरज कुमार वर्मा के निर्देशन में एसडीएम सेवढ़ा अशोक अवस्थी, तहसीलदार राजेन्द्र जाटव, थाना प्रभारी डीपार अमर सिंह गुर्जर, थाना प्रभारी अतरैट नरेंद्र सिंह राजपूत, थाना प्रभारी थरेट अरविंद भदौरिया, शैलेन्द्र गुबरेले, सहित प्रशासनिक अमले ने तैयारियों का जायजा लिया।
इस दौरान पुलिस अधीक्षक दतिया ने मेले स्थल पर पहुँचकर विभिन्न व्यवस्थाओं का बारीकी से निरीक्षण किया और संबंधित अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। प्रमुख व्यवस्थाएँ पार्किंग व्यवस्था: श्रद्धालुओं को किसी प्रकार की असुविधा न हो, इसके लिए कुल 27 पार्किंग स्थल बनाए गए है।
शासकीय वाहनों के लिए अलग से स्थान आरक्षित है, ताकि यातायात सुचारु बना रहे। सुरक्षा प्रबंधन: मेले में सीसीटीवी कैमरों की निगरानी, पुलिस बल की पर्याप्त तैनाती, और गोताखोर दल की उपलब्धता सुनिश्चित की गई है। भीड़ की स्थिति में त्वरित नियंत्रण के निर्देश भी दिए गए।
चिकित्सा सुविधा आपातकालीन स्वास्थ्य सेवाओं के लिए अस्थाई चिकित्सालय स्थापित किए गए हैं। यहाँ डॉक्टरों की टीम, प्राथमिक उपचार सामग्री और आवश्यक दवाएँ उपलब्ध रहेंगी।
पेयजल व स्वच्छता: श्रद्धालुओं के लिए जगह-जगह पानी के टैंकर लगाए गए है। साथ ही अस्थाई शौचालय और सफाई व्यवस्था पर विशेष ध्यान रखा जा रहा है। यातायात प्रबंधन: भीड़ नियंत्रण हेतु जिग-जेग पद्धति अपनाई गई है, जिससे श्रद्धालुओं का आवागमन सुव्यवस्थित ढंग से हो सके।
प्रशासन की अपील, निरीक्षण के दौरान पुलिस अधीक्षक ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि मेले को शांतिपूर्ण, सुरक्षित और व्यवस्थित ढंग से संपन्न कराया जाए। प्रशासन ने श्रद्धालुओं से भी सहयोग करने की अपील की है, ताकि सभी लोग माँ रतनगढ़ के दर्शन बिना किसी परेशानी के कर सकें। यह मेला न केवल धार्मिक आस्था का केंद्र है बल्कि सामाजिक और सांस्कृतिक दृष्टि से भी दतिया जिले की पहचान है।

























