गांव में मेडिकल कैंप लगवा कर कराया बच्चों की जांच।
कुशीनगर पिपरा खुर्द गांव में बुखार से दो मासूम बच्चों की मृत्यु पर जिलाधिकारी महेंद्र सिंह तंवर, मुख्य विकास अधिकारी वंदिता श्रीवास्तव और मुख्य चिकित्साधिकारी चंद्रप्रकाश ने गांव पहुंचकर पीड़ित परिवारों से मुलाकात की और हालात का जायजा लिया।
स्वास्थ्य विभाग ने गांव में विशेष स्वास्थ्य शिविर आयोजित कर 56 से अधिक बच्चों का स्वास्थ्य परीक्षण किया, जिसमें से 14 बच्चों के ब्लड सैंपल जांच हेतु मेडिकल कॉलेज भेजे गए हैं।
जिलाधिकारी ने ग्रामीणों को बताया कि यह बीमारी छूआ छूत की नहीं है, बल्कि जानवरों से फैलने वाली बीमारी हो सकती है।
उन्होंने अपील की कि मवेशियों को आवासीय परिसर से दूर रखें, नियमित साफ-सफाई बनाए रखें और किसी को भी बुखार होने पर तत्काल स्वास्थ्य केंद्र पर जांच कराएं।मेडिकल टीम का आंकलन है कि मृत बच्चों में से एक बच्ची खुशी के रक्त परीक्षण में लेप्टोस्पायरोसिस बीमारी की पुष्टि हुई है, जो एक बैक्टीरियल संक्रमण है
जो मुख्य रूप से Leptospira नामक बैक्टीरिया से होता है।जिला प्रशासन द्वारा निरोधात्मक कार्यवाहियाँ की जा रही हैं, जिनमें मेडिकल कैम्प के माध्यम से स्वास्थ्य परीक्षण, डोर टू डोर स्क्रीनिंग एवं मेडिकल किट का वितरण, दवाओं की उपलब्धता सुनिश्चित करना,
चाइल्ड स्पेशलिस्ट की देखरेख में 24 घंटे तीन शिफ्टों में डॉक्टरों की ड्यूटी, एहतियातन एम्बुलेंस की तैनाती, जनपद के समस्त ग्रामों में सफाई कराना, ब्लीचिंग पाउडर, एंटी लार्वा का छिड़काव करना और फॉगिंग कराना हैं।

























