दतिया। जिला प्रशासन द्वारा निर्वाचन कार्य की गंभीरता और पारदर्शिता को बनाए रखने के उद्देश्य से सख्त कदम उठाए गए है। कलेक्टर एवं जिला निर्वाचन अधिकारी स्वप्निल बानखडे ने निर्वाचन कार्य में लापरवाही बरतने वाले दो बी.एल.ओ. को तत्काल प्रभाव से निलंबित करने के आदेश जारी किए हैं।निलंबित किए गए।
बी.एल.ओ. में,1. शोभा राजपूत, प्रा० शिक्षक, प्राथमिक विद्यालय लरायटा,2. प्रतुल श्रीवास्तव, सहायक वर्ग-3, कृषि विभाग दतिया शामिल है।
दोनों अधिकारियों के विरुद्ध निर्वाचन कार्य में गंभीर लापरवाही की शिकायतें प्राप्त हुई थीं। जांच उपरांत पाया गया कि दोनों बी.एल.ओ. ने अपने दायित्वों का निर्वहन निर्धारित दिशा-निर्देशों के अनुरूप नहीं किया।
इस पर जिला निर्वाचन अधिकारी द्वारा लोक प्रतिनिधित्व अधिनियम, 1950 के प्रावधानों और मध्य प्रदेश सिविल सेवा (वर्गीकरण, नियंत्रण एवं अपील) नियम, 1966 के तहत कार्यवाही की गई है।
कारण बताओ नोटिस के बाद भी नहीं दिया उत्तर, प्रशासन द्वारा पूर्व में दोनों बी.एल.ओ. को कारण बताओ नोटिस जारी किया गया था, जिसमें उनसे उनके विरुद्ध पाई गई अनियमितताओं और लापरवाही पर स्पष्टीकरण मांगा गया था।
किंतु निर्धारित समय सीमा के भीतर दोनों अधिकारियों द्वारा कोई उत्तर प्रस्तुत नहीं किया गया।इस स्थिति को निर्वाचन कार्य के प्रति घोर उदासीनता माना गया, जिसके परिणामस्वरूप दोनों को नियम 9 के अंतर्गत *निलंबन की कार्रवाई की गई।
निर्वाचन अधिकारी का सख्त संदेश, कलेक्टर एवं जिला निर्वाचन अधिकारी स्वप्निल. बानखडे ने कहा कि निर्वाचन कार्य अत्यंत संवेदनशील एवं राष्ट्रीय महत्व का दायित्व है। इसमें किसी भी प्रकार की लापरवाही या उदासीनता बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
उन्होंने स्पष्ट चेतावनी दी कि भविष्य में भी यदि कोई अधिकारी या कर्मचारी निर्वाचन प्रक्रिया में शिथिलता या अनुशासनहीनता बरतता पाया गया,
तो उसके विरुद्ध भी कठोर दंडात्मक कार्रवाई की जाएगी, प्रशासन की इस कार्रवाई को आगामी निर्वाचन तैयारियों के संदर्भ में एक कड़ा संदेश माना जा रहा है, जिससे सभी संबंधित अधिकारी-कर्मचारियों में जिम्मेदारी और अनुशासन का भाव और अधिक सुदृढ़ होगा।








