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जिला मुख्यालय पर साप्ताहिक जनसुनवाई आयोजित

अंधेर नगरी आगर-मालवा, 21 अप्रैल/कलेक्टर श्रीमती प्रीति यादव के निर्देशन में मंगलवार को जिला मुख्यालय पर साप्ताहिक जनसुनवाई का आयोजन किया गया। जनसुनवाई में जिले के शहरी एवं ग्रामीण क्षेत्रों से बड़ी संख्या में आवेदक अपनी समस्याएं लेकर पहुंचे।

जनसुनवाई के दौरान मुख्य कार्यपालन अधिकारी जिला पंचायत श्री बी.एस. सोलंकी एवं अपर कलेक्टर श्री आर.पी. वर्मा द्वारा आवेदनों को प्राप्त कर आवेदकों की समस्याओं को गंभीरता से सुना गया। निराकरण योग्य आवेदनों का मौके पर ही संबंधित अधिकारियों से समाधान कराया गया, जबकि शेष प्रकरणों को निर्धारित समय-सीमा में निराकरण हेतु संबंधित विभागों को प्रेषित किया गया।

इस अवसर पर एसडीएम श्रीमती किरण बरबड़े, एसडीएम आगर श्री मिलिन्द ढ़ोके सहित जिला अधिकारी उपस्थित रहे।ग्राम सुल्तानपुरा निवासी रूपा पिता माधुजी ने आवेदन प्रस्तुत कर बताया कि उनके पैतृक कृषि भूमि के एकमात्र पारंपरिक मार्ग को उनके ही भाइयों द्वारा अवैध रूप से बंद कर दिया गया है, जिससे कृषि कार्यों में गंभीर बाधाएं उत्पन्न हो रही हैं।

साथ ही भूमि पर लगे बांस के पेड़ों को भी बिना अनुमति काट लिया गया है। आवेदन में थाना प्रभारी कानड़ एवं नायब तहसीलदार कानड़ को आवश्यक जांच एवं निराकरण हेतु निर्देशित किया गया।

आगर निवासी सुगरा बी ने आवेदन देकर बताया कि ग्राम सेमली स्थित कृषि भूमि होने के बावजूद पति की मृत्यु के पश्चात उन्हें प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना का लाभ प्राप्त नहीं हो रहा है। उन्होंने योजना का लाभ दिलवाने की मांग की।

ग्राम रलायति निवासी कैलाश ने आवेदन देकर बताया कि उन्होंने प्रेमसिंह के यहां गेहूं की फसल के दौरान 15 बीघा में कृषि कार्य किया था, जिसके बदले प्रति बीघा 1 क्विंटल गेहूं मजदूरी तय हुई थी।

फसल कटाई एवं थ्रेसिंग के बाद अनावेदक द्वारा पूरा गेहूं अपने पास रख लिया गया और मजदूरी देने से इंकार कर दिया गया। आवेदन में एसडीओपी आगर को प्राथमिकता के साथ कार्रवाई के निर्देश दिए गए।

ग्राम मारूबर्डिया निवासी कमल शर्मा ने आवेदन देकर बताया कि वे वर्ष 2022-23 से शासकीय प्राथमिक विद्यालय आम्बादेव में अतिथि शिक्षक के रूप में कार्यरत थे, किन्तु 17 अप्रैल 2026 को बिना किसी पूर्व सूचना के उन्हें हटा दिया गया।

उन्होंने इसे नियम विरुद्ध बताते हुए पुनः नियुक्ति की मांग की। आवेदन में जिला शिक्षा अधिकारी को जांच कर आवश्यक कार्यवाही करने के निर्देश दिए गए।

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