राजेन्द्र खटीक। मथुरा-मथुरा में चल रहे श्रीकृष्ण जन्मभूमि-शाही ईदगाह विवाद मामले में शुक्रवार को होने वाली सुनवाई टल गई। अदालत की व्यस्तता के कारण मामले की अगली तारीख 10 जुलाई निर्धारित की गई है। इस मामले में हिंदू पक्ष की ओर से श्रीकृष्ण जन्मस्थान परिसर से ईदगाह और मीना मस्जिद को हटाने की मांग की जा रही है।
मामले के याचिकाकर्ता दिनेश फलाहारी महाराज ने सुनवाई टलने के बाद कहा कि हिंदू पक्ष की ओर से सभी पुराने दस्तावेज और साक्ष्य अदालत में पहले ही जमा किए जा चुके हैं। उन्होंने दावा किया कि पक्ष की ओर से खसरा-खतौनी की प्रतियां, पुरानी खेवट, पानी और बिजली के बिल, नगर निगम के रिकॉर्ड तथा रेलवे मुआवजे से जुड़े दस्तावेज अदालत में पेश किए गए हैं।
उन्होंने मुस्लिम पक्ष पर मामले को लंबा खींचने का आरोप लगाया। फलाहारी महाराज ने कहा कि मुस्लिम पक्ष पूजा उपासना अधिनियम 1991 का हवाला देकर सुनवाई को प्रभावित करने की कोशिश कर रहा है। हालांकि यह उनके निजी आरोप हैं और इस पर अदालत में सुनवाई जारी है।उन्होंने यह भी कहा कि अदालत सबूतों और दस्तावेजों के आधार पर फैसला करती है। उनके अनुसार हिंदू पक्ष को भरोसा है कि न्यायालय में प्रस्तुत साक्ष्यों से उनकी बात मजबूत होगी।
फलाहारी महाराज ने कहा कि करोड़ों सनातन धर्मावलंबियों की आस्था भगवान श्रीकृष्ण जन्मस्थान से जुड़ी हुई है और लोग इस विवाद का समाधान जल्द चाहते हैं।
वहीं, इस मामले को लेकर दोनों पक्षों की ओर से कानूनी प्रक्रिया जारी है। अब सभी की नजर 10 जुलाई को होने वाली अगली सुनवाई पर टिकी है, जिसमें आगे की कार्रवाई पर चर्चा होगी।















