शाजापुर जिले में ‘जनसुनवाई’ के दौरान भूमि सीमांकन विवाद एक किसान के साथ कथित रूप से गलत व्यवहार करने पर एक सहायक उप-निरीक्षक (ASI) को निलंबित कर दिया गया था।जिसका वीडियो सोशल मीडिय पर वायरल हो गया।
शाजापुर/मध्य प्रदेश के शाजापुर जिले में ‘जनसुनवाई’ के दौरान भूमि सीमांकन विवाद से परेशान एक किसान ने अधिकारियों पर गंभीर आरोप लगाए थे। किसान ने वहां मौजूद कलेक्टर को “आतंकवादी” और पुलिस अधिकारियों को गुंडा कहा था।
इस घटना से जुड़ी खास बातें इस प्रकार हैं:
विवाद की वजह: किसान अपनी जमीन के सीमांकन (Land Demarcation) को लेकर परेशान था और आरोप लगाया था कि उसकी जमीन को दूसरे का बताया जा रहा है।हुई कार्रवाई: हंगामा करने और पुलिस द्वारा धक्के मारकर बाहर निकाले जाने के बाद, किसान के साथ कथित रूप से गलत व्यवहार करने पर एक सहायक उप-निरीक्षक (ASI) को निलंबित कर दिया गया था।
शरद कुमार शर्मा निवासी पोलायकलां ने बताया कि उनकी भूमि सर्वे नंबर 4446/3 के सीमांकन में राजस्व अमले ने हेराफेरी की है। उन्होंने बताया कि उन्होंने 2019 से अब तक कलेक्टर कार्यालय, संबंधित अधिकारियों और सीएम हेल्पलाइन पर लगभग 50 से 60 आवेदन दिए हैं।
लेकिन उनकी शिकायतों पर कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई। उनकी जमीन को जानबूझकर दूसरे किसान की भूमि बताया जा रहा है और सांठगांठ के चलते गलत सीमांकन किया जा रहा है। उन्होंने इस मामले में निष्पक्ष जांच कराने और एक नई टीम गठित कर फिर से सीमांकन कराने की मांग की है।
एसपी ने एएसआई को किया निलंबित
किसान शरद द्वारा कलेक्ट्रेट में कलेक्टर एसपी के लिए अपशब्दों का प्रयोग करने से ड्यूटी पर तैनात लालघाटी थाने के एएसआई महेश कुमार घुरे भी आक्रोशित हो गए। उन्होंने शरद को हड़काते हुए अपशब्द कह दिए।
जिसका वीडियो सोशल मीडिय पर वायरल हो गया। मामले में संज्ञान लेते हुए एसपी यशपालसिंह राजपूत ने एएसआइ घुरे के व्यवहार को अनुचित माना और मप्र सिविल सेवा नियम 1966 नियम के नौ के तहत कार्रवाई करते हुए निलंबित कर दिया है।हंगामा कर रहा थाजनसुनवाई में पोलायकलां निवासी एक व्यक्ति हंगामा कर रहा था।
अधिकारियों के लिए अभद्र शब्दों का प्रयोग कर रहा था। इसलिए पुलिसकर्मियों ने उसे समझाइश देकर कलेक्ट्रेट परिसर से बाहर निकाला। – अजुर्नसिंह मुजाल्दे, टीआइ लालघाटी















